शुक्रवार, 29 जून 2018

दर्द

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मेरे दर्द की खबर भी न हुई ज़माने को
दर्द मुझको और मैं दर्द को यूँ जीता रहा !!



सु-मन 

मंगलवार, 12 जून 2018

शबनमी ख्वाब

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देर रात चाँद सोता रहा पलकों तले
चाँदनी तेरे ख्वाब को शबनमी करती रही !!



सु-मन 

शनिवार, 2 जून 2018

तेरा अश्क़ मेरा दामन

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गिरा तेरी आँख से इक क़तरा अश्क का
मेरा दामन यूँ सहरा से सागर बन गया ।।



सु-मन